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एक सैनिक की रुला देने वाली कहानी। hurt touching story. True inspiring story in hindi 2022

     एक सैनिक की रुला देने वाली कहानी। hurt touching story. True inspiring story in hindi 2022

एक सैनिक की रुला देने वाली कहानी। hurt touching story. True inspiring story in hindi 2022

एक सैनिक की रुला देने वाली कहानी। hurt touching story. True inspiring story in hindi 2022

      एक सैनिक जो युद्ध करने के लिए दूसरे देश चला जाता है। उसके घर वालों को पल-पल की खबर नहीं पहुंच पा रहा था।  उसके घर वाले भी बहुत चिंतित रहता था। ना जाने क्या हुआ होगा हमारे बेटे के साथ, वे लोग अखबार आदि के माध्यम से इधर-उधर की और युद्ध की खबरें जानने का प्रयास करते रहते थे। 

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      तकरीबन तीन महीने बाद अखबार में आया। युद्ध अब समाप्त हो गई है।  घरवालों को आशा था कि अब युद्ध समाप्त हो गया है तो मेरा बेटा अगर जीवित होगा तो हमें कांटेक्ट करेगा (फोन करेगा)। दो दिन बाद एक कॉल आया। घर वाले फोन उठाएं, लाइन पर बेटा था। घर वाले निश्चिंत हो गए, चलो मेरा बेटा सुरक्षित हैं। बहुत प्रसन्न हुए। सैनिक बेटा भी घर की हालचाल लेने लगा। 

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      सैनिक बोलता है -:  माँ मेरा एक दोस्त है, जो मेरे ही साथ रहता है, मैं उसे अपने साथ घर लाना चाहता हूं।  घरवाले अत्यधिक प्रसन्न थे। जल्दी में बोले हां हां ठीक है बेटा उसे भी अपने साथ ले आओ। बेटा बोला -: मेरा पूरी बात तो सुन लीजिए। दरअसल मेरा दोस्त हमेशा मेरे ही साथ रहेगा। घर वाले बात को काटते हुए बोले -: हां हां ठीक है हमें कोई परेशानी नहीं होगी, उसे भी अपने साथ घर ले आओ।

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 बेटा बोला -: मेरा पूरी बात तो सुन लीजिए, एक बम विस्फोट में उसके एक हाथ और एक पैर नहीं रहे। घरवाले शांत और चिंतित आवाज में बोले -: बेटा कहां वह हमारे साथ रह पाएगा, क्यों लेकर आ रहे हो उसे अपने साथ, मत लाओ हम बीच बीच में मदद भेज देंगे। भगवान भरोसे उसे छोड़ दो।

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 बेटा बोला -: क्यों माँ? बेटा वह हमारे साथ बोझ बनकर रहेगा। बेटा -: ठीक है कहकर कॉल डिस्कनेक्ट कर दिया। चालिस से पचास दिन बीत गए। घरवाले इंतजार करते रहे। ना जाने कब आएगा मेरा बेटा।

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      लगभग पचास दिन बाद घर में कॉल आया, कि उसका बेटा अब नहीं रहा। सैनिक ने छत से कूदकर आत्महत्या कर लिया था। घरवाले जब उसके मृत शरीर देखे, चकित हो गया। उसके एक हाथ और एक पैर नहीं थे। वह अफसोस करने लगे उस दिन अगर मैं उसके साथी को भी बुलाने की बात करता, तो आज शायद यह नहीं होता।  इसके मौत की जिम्मेदार हम ही है।

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     दोस्तों यह hurt touching सैनिक की कहानी कैसी लगी। 

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